June 26, 2019

भारतीय जनता पार्टी की उम्मीदवार प्रज्ञा ठाकुर को एक ही दिन में दूसरा नोटिस जारी किया गया है क्योंकि एक टेलीविजन चैनल पर बाबरी मस्जिद के विध्वंस का समर्थन करते हुए उन्होंने विवादास्पद टिप्पणी दे डाली।

एक इंटरव्यू के दौरान प्रज्ञा ठाकुर ने कहा था कि वह 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी माजिद संरचना को ध्वस्त करने वाले लोगों में से थीं। प्रज्ञा ठाकुर, जो मध्य प्रदेश के भोपाल से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की उम्मीदवार हैं, ने यह भी कहा कि उन्हें अपने फैसले पर “गर्व” है।

sadhvi on hemant karkare

उन्होंने कहा, ” हमने देश से एक धब्बा हटा दिया था। हम ढांचा गिराने के लिए गए थे। मुझे बहुत गर्व महसूस हो रहा है कि भगवान ने मुझे यह मौका दिया है और मैं ऐसा कर सकती हूं। हम सुनिश्चित करेंगे कि राम मंदिर का निर्माण उसी जगह पर हो।”

इस पर कांग्रेस प्रवक्ता माणक अग्रवाल ने कहा, “मुझे लगता है कि साध्वी चुनाव लड़ने के लिए फिट नहीं हैं। चुनाव आयोग ने पहले ही एक नोटिस जारी किया है। पीएम मोदी को या तो माफी माँगे या पार्टी के रुख को स्पष्ट करें।”

हेमंत करकरे पर टिप्पणी

तीन दिन पहले, प्रज्ञा ठाकुर ने दावा किया था कि मुंबई में 2008 के आतंकवादी हमलों में 26/11 के नायक हेमंत करकरे मारे गए थे, जब उन्होंने मालेगांव विस्फोट मामले में जांच के दौरान उन्हें “प्रताड़ित” करने के लिए “शापित” किया था। उन्होंने कहा, “हेमंत करकरे राष्ट्रविरोधी थे। वह धर्म विरोधी थे। आप इस पर विश्वास नहीं करेंगे, लेकिन मैंने कहा कि वह नष्ट हो जाएंगे। इसके तुरंत बाद, आतंकवादियों ने उन्हें मार डाला।”

शुक्रवार को बढ़ती आलोचना के कारण उन्होंने अपनी विवादास्पद टिप्पणी वापस ले ली। उन्हें शनिवार को विवादित टिप्पणी के लिए पोल बॉडी से नोटिस भी दिया गया था।

आपको बता दें कि 48 वर्षीय प्रज्ञा ठाकुर को 2008 के मालेगांव विस्फोट मामले में गैरकानूनी गतिविधि अधिनियम के तहत मुकदमे का सामना करना पड़ रहा है। वह फिलहाल इस मामले में जमानत पर बाहर है।

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Pooja Ahuja

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